योगी मंत्रिमंडल में इकलौता मुस्लिम चेहरा दानिश आजाद अंसारी हुए शामिल
जानिए कौन है योगी सरकार में मंत्री बने बलिया के दानिश आजाद

लखनऊः यूपी में योगीराज पार्ट टू के कैबिनेट ने इस बार सियासी गलियारे में सबको चैंका दिया है। योगी कैबिनेट में कई ऐसे नाम शामिल हुए हैं, जो हर किसी को हैरान करने वाले हैं। इनमें से कुछ तो ऐसे हैं जो किसी भी सदन के सदस्य नहीं हैं। इनके नामों की चर्चा भी कहीं नहीं थी। इनमें वाराणसी के दयाशंकर मिश्र ’’दयालु’’ और बलिया के दानिश आजाद शामिल हैं। बलिया के दानिश आजाद अंसारी तो योगी मंत्रिमंडल में इकलौते मुस्लिम चेहरे के रुप में शामिल हुए है। जबकि भाजपा के कद्दावर मंत्री रहे मोहसिन रजा का पत्ता काट गया है। भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश महामंत्री दानिश आजाद सूबे में योगी आदित्यनाथ की सरकार के इकलौते मुस्लिम मंत्री बनाए गए हैं। 32 साल के दानिश आजाद बलिया जनपद के बसंतपुर अपायल गांव के मूल निवासी है और समीउल्लाह अंसारी के इकलौते पुत्र हैं।
भाजपा और आरएसएस के लिए माहौल बनाने में प्रमुख भूमिका निभा चुके है दानिश आजाद
2006 में लखनऊ यूनिवर्सिटी से बीकॉम की पढ़ाई पूरी की। इसके बाद यहीं से मास्टर ऑफ क्वालिटी मैनेजमेंट फिर मास्टर ऑफ पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन की पढ़ाई की। भाजपा के छात्र संगठन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) से राजनीति की शुरुआत की। दानिश ने एबीवीपी के साथ-साथ भाजपा और आरएसएस के लिए युवाओं के बीच माहौल बनाया। खासतौर पर मुस्लिम युवाओं के बीच। यही कारण रहा कि इस बार उनके गांव से भी मुस्लिम मतदाताओं के अच्छे खासे वोट भाजपा को मिले। 2017 में इसका पहला इनाम भी उन्हें मिला। तब दानिश को उर्दू भाषा समिति का सदस्य बनाया गया था। 2022 के चुनाव से ठीक पहले उन्हें भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा का महामंत्री बनाया गया। दानिश को मोहसिन रजा की जगह मंत्री बनाया गया है।
दानिश आजाद के मंत्री बनने से बलिया में खुशी
बलिया जनपद के मूल निवासी दानिश आजाद को मंत्रिमंडल में शामिलकर राज्यमंत्री बनाएं जाने से जनपदवासियों में जबरदस्त खुशी है। उनके गांव अपायल समेत पूरे जनपद में खुशी की लहर दौड़ गई। खासकर अल्पसंख्यम समुदाय में भी नई ऊर्जा देखने को मिल रहा है। अधिकांश मुस्लिम भाई मंत्री बने दानिश आजाद को अपना भाई बताकर फुले नहीं समा रहे।




