सोखा के कहने पर चचेरे भाई ने शूटर से कराया था भागीरथ की हत्या, दो साजिशकर्ता गिरफ्तार
50 हजार में हत्या की दी थी सुपारी, शूटर फरार

फरसाटार हत्याकांड:
बलिया: जनपद बलिया के उभांव थाना अंतर्गत फरसाटार गांव में हुए भागीरथ हत्याकांड मामले में उभांव पुलिस ने दो साजिशकर्ता चचेरे भाई जनार्दन और ओमप्रकाश यादव को गिरफ्तार कर लिया। जबकि मुख्य शूटर अब तक फरार है। मामले में चचेरे भाई जनार्दन ने ही किसी सोखा के कहने पर भागीरथ की हत्या के लिए 50 हजार में सुपारी दिया था।
50 हजार में हत्या का दिया था सुपारी
उभांव इंस्पेक्टर अविनाश कुमार सिंह ने बताया कि भागीरथ का चचेरा भाई गैर प्रांत के प्राइवेट कंपनी में काम करता था लेकिन काफी दिन से पारिवारिक समस्याओं को लेकर परेशान रहता था। जिसे शक था कि भागीरथ द्वारा टोना टोटका करने के कारण ही वह परेशान है। उसने ओमप्रकाश यादव से अपने भाई की हत्या कराने के लिए मदद मांगा। ओमप्रकाश ने इसके लिए एक शूटर से मुलाकात कराया। हत्या के लिए 50 हजार रुपए की रकम तय की गई। इसके लिए 20 हजार नगद और शेष पैसा बैंक खाता में दिया गया। हत्या के लिए शूटर ने कई बार घटनास्थल का रैकी किया। 27 जुलाई को ही हत्या की नियत से हत्यारे आधी रात में यहां पहुंचे किंतु मौके पर भागीरथ के पुत्र के सोए होने के कारण वे लौट गए और 5 अगस्त की रात को घर से थोड़ी दूरी पर अपने डेरा के बाहर सोए भागीरथ को बदमाशों ने गोली मार दी और निकल भागे। भागीरथ झाड़ फूंक में भरोसा करता था और अपने झोला छाप डाक्टरी में इसका प्रयोग भी करता था। वह अपने गांव के पास ही प्रैक्टिस करता था और अक्सर लोगों को झाड़ फूंक कर कुछ दवा देता था।
शूटर की तलाश जारी
मामले में मृतक के पुत्र के लिखित तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच में जुटी थी। पुलिस मामले में शूटर की तलाश में अभी लगी हुई है।



